Wednesday, 27 February 2019

जॉब फेयर में 830 विद्यार्थियों को मिला जॉब ऑफर

120 विद्यार्थियों को मिला 4.5 लाख  का सालाना  पैकेज 

विश्वविद्यालय में संपन्न हुए दो दिवसीय जॉब फेयर में 830 विद्यार्थियों को जॉब ऑफर विभिन्न कंपनियों द्वारा  दिया गया ।  एटीएस कंपनी द्वारा सर्वाधिक चार लाख पचास हजार का  सालाना पैकेज  120 विद्यार्थियों को दिया गया। दो दिवसीय जॉब फेयर में 2250 विद्यार्थियों ने रजिस्ट्रेशन कराया था।
केंद्रीय ट्रेनिंग एवं प्लेसमेंट सेल की निदेशक  प्रोफेसर रंजना प्रकाश ने कुलपति कक्ष में चयनित विद्यार्थियों की सूची कुलपति प्रोफेसर डॉ  राजाराम यादव को सौंपी। कुलपति प्रोफेसर डॉ राजाराम यादव ने चयनित विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों के लिए सदैव रोजगार के अवसर मुहैया कराए जाते रहेंगे। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय विद्यार्थियों को उनकी मंजिल मिले इसलिए सतत सक्रिय है।  केंद्रीय प्लेसमेंट सेल की निदेशक  प्रोफेसर रंजना प्रकाश ने बताया कि इस सत्र में 5 सितंबर से 21 फरवरी के मध्य विभिन्न विभागों के 250 एवं जॉब फेयर में कुल 830 विद्यार्थियों को जॉब ऑफर दिया गया है। इस सत्र में अभी तक विश्वविद्यालय के 1080 विद्यार्थियों को रोजगार के लिए कंपनियों द्वारा चयनित करना खुशी की बात है। 25- 26 फ़रवरी जो आयोजित जॉब फेयर में परिसर पाठ्यक्रमों के अलावा  महाविद्यालयों के 124 विद्यार्थी भी  चयनित हुए है। 
इस अवसर पर प्रो विलास तभाने,प्रो हरि प्रकाश, प्रो बीबी तिवारी, वित्त अधिकारी एम के सिंह, परीक्षा नियंत्रक डॉ राजीव कुमार,  प्रो अशोक श्रीवास्तव, प्रो बीडी शर्मा, प्रो अजय द्विवेदी, प्रो अविनाश पाथर्डीकर, डॉ  मनोज मिश्र, डॉ दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ प्रमोद यादव, श्याम त्रिपाठी, कपिल त्यागी आदि  मौजूद रहे।

विश्वविद्यालय में दो दिवसीय विज्ञान दिवस का हुआ आयोजन


विद्यार्थियों के लिए आयोजित हुई प्रतियोगिताएं 


विश्वविद्यालय के उमानाथ सिंह इंजीनियरिंग संस्थान में बुधवार को दो दिवसीय राष्ट्रीय विज्ञान दिवस का शुभारंभ हुआ। पहले दिन विद्यार्थियों के लिए क्विज, रंगोली एवं मॉडल प्रतियोगिताएं आयोजित की गई। प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर प्रतिभाग किया।

रंगोली प्रतियोगिता में 75 विद्यार्थियों ने अपने सृजन क्षमता प्रदर्शित की। उन्होंने साइबरक्राइम, मिराज, सीवी रमन, ग्लोबल वार्मिंग, सेव वाटर, तकनीकी प्रयोग आदि विषय पर रंगो से संदेश दिया। विश्वेश्वरैया सभागार में आयोजित हुई प्रतियोगिता में 117 विद्यार्थी शामिल हुए।  साइंस एवं टेक्नोलॉजी विषय पर यह प्रतियोगिता आयोजित हुई। इसके साथ ही फार्मेसी एवं इंजीनियरिंग संस्थान के विद्यार्थियों ने सोलर एनर्जी, बीपी मशीन, स्मार्ट सिटी, वेस्ट वाटर ट्रीटमेंट, हाइड्रॉलिक लिफ्ट आदि विषयों पर आकर्षक मॉडल प्रस्तुत किए।


निर्णायक मंडल में अनु त्यागी, पूजा सक्सेना, डॉ प्रमोद कुमार यादव, डॉ कमलेश पाल, डॉ राजकुमार, डॉ रजनीश भास्कर, डॉ संतोष कुमार, डॉ प्रवीण कुमार, नितेश जायसवाल, इंद्रेश कुमार शामिल रहे। इंजीनियरिंग संकाय के अध्यक्ष प्रो ए के श्रीवास्तव ने विद्यार्थियों की हौसला अफजाई की।

प्रो बीबी तिवारी ने बताया कि 28 फरवरी को विज्ञान दिवस के दूसरे दिन देश के विख्यात वैज्ञानिकों को विश्वविद्यालय में आमंत्रित किया गया है जिसमें अनुसंधान एवं विज्ञान संगठन के प्रो के एन पांडे, आईआईटी के प्रो एस राम, खड़कपुर पूना विश्वविद्यालय के प्रो विलास तभाने,वैदिक गणित के विद्वान डॉ कैलाश वैदिक शामिल है। राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के समन्वयक रवि प्रकाश ने धन्यवाद ज्ञापन किया। संचालन डॉ शैलेश कुमार प्रजापति ने किया।

Monday, 25 February 2019

दो दिवसीय जॉब फेयर का हुआ आयोजन


 विश्वविद्यालय के विद्यार्थी हर परिस्थितियों में कार्य करने में  है सक्षम- कुलपति 

  विश्वविद्यालय परिसर में  सोमवार को दो दिवसीय विशाल जाँब फेयर का उद्घाटन कुलपति प्रो. डॉ  राजाराम यादव ने  किया। विश्वविद्यालय परिसर के इंजीनियरिंग, फार्मेसी, प्रबंध और संकाय भवन में कैंपस प्लेसमेंट के लिए  विभिन्न कंपनियों के प्रतिनिधियों  द्वारा चयन प्रक्रिया शुरू हुई । कैंपस प्लेसमेंट के लिए विद्यार्थियों ने काफी उत्साह रहा। 
उद्घाटन सत्र में अपने उद्बोधन में कुलपति प्रो.डाँ. राजाराम यादव  कहा कि हमारे विश्वविद्यालय के विद्यार्थी अपने सृजनधर्मिता से कंपनियों के लिए संपत्ति बनेंगे । उन्होंने कहा कि  पूर्वांचल विश्वविद्यालय के विद्यार्थी हर परिस्थितियों में बेहतरीन कार्य करने में सक्षम है क्योंकि उनके अंदर परिश्रम एवं आगे बढ़ने की ललक है। उन्होंने कहा कि इससे पहले भी बड़े स्तर पर  विद्यार्थियों को कैंपस सलेक्शन के माध्यम से रोजगार  उपलब्ध कराया गया है। कंपनियों द्वारा विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों के कामों की प्रशंसा सुनने को मिलती है तो अच्छा लगता है। 
प्लेसमेंट सेल की निदेशिका प्रोफेसर रंजना प्रकाश ने कहा कि केंद्रीय ट्रेनिंग एवं प्लेसमेंट सेल के गठन के विद्यार्थियों को रोजगार मुहैया कराने के लिए किया गया। सेल ने इस दिशा में निरंतर प्रयास किया है औ इस  जॉब फेयर में 28 कंपनियां आई है, हमारी पूरी कोशिश होगी कि दो दिवसीय इस फेयर में अधिक से अधिक विद्यार्थियों को रोजगार मिल सके। उन्होंने बताया कि मंगलवार  को आईसीआईसीआई प्रुडेंशियल, सत्या माइक्रो फाइनेन्स और जी आई पी यल के लिए चयन प्रक्रिया होगी। 
विश्वविद्यालय के कुलसचिव सुजीत कुमार जायसवाल ने कहा की इस जॉब फेयर के लिए विश्वविद्यालय परिवार के शिक्षक कर्मचारी और जिम्मेदार लोगों ने एकजुट होकर विद्यार्थियों का रजिस्ट्रेशन कराया है इससे यह संभावना दिखती है कि हमारा विश्वविद्यालय प्रदेश में रोजगार दिलाने वाला  पहला विश्वविद्यालय है ।
जॉब फेयर में  पेटीएम,अवसर वेंचर्स,स्वीगी ,हाइपर फिल्ट्रेशन,रिसर्च पैनल इंश्योरेंस,जोमाटो, केंट आरो,कार्स 24 ,स्नैपडील,  इंफोसिस, एक्सिस बैंक, क्लब जेबी, इंडिया बुल्स, एनआईआईटी, पेसिफिक साइबर टेक्नोलॉजी, जस्ट डायल, पुखराज हेल्थ केयर, एटीएस इंडिया, आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल, फ्यूजन माइक्रो फाइनेंस, ग्रेनटेक, नियोक्ता एचआर, यश ग्रुप, यूरेका  फोर्ब्स, सत्य माइक्रो कैपिटल, इसाफ्ट  इण्डिया , मैक्स लाइफ,  अमेरिकन एक्सप्रेस,  सिग्निटी  कारपोरेट, जीआईपीएल ,एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स  आदि कंपनियों के प्रतिनिधियों ने चयन प्रक्रिया की। कुलपति प्रो राजाराम यादव ने जॉब फेयर में आई कंपनियों के प्रतिनिधियों से मुलाकात कर जानकारी प्राप्त की। जॉब फेयर में विश्वविद्यालय परिसर के पाठ्यक्रमों एवं  सम्बद्ध महाविद्यालयों के लगभग दो हजार  विद्यार्थियों ने पंजीकरण कराया। 

कार्यक्रम का संचालन  प्रो. अजय द्विवेदी ने किया। इस अवसर पर परीक्षा नियंत्रक राजीव कुमार चौधरी, प्रो हरि प्रकाश, प्रो एल एन हाजरा, आर के उपाध्याय, सुरेंद्र सिंह, अनिमेश बिशारिया, अनिरुद्ध सिंह,  प्रो. बीबी तिवारी, प्रो. मानस पांडेय, प्रो अशोक कुमार श्रीवास्तव, प्रो. अजय प्रताप सिंह प्रो.वंदना  राय, प्रो. रामनारायण, प्रो. बीडी शर्मा , प्रो. अविनाश पाथर्डीकर, प्रो राजेश शर्मा, डॉ मनोज मिश्र, डॉ संजीव गंगवार,  डॉ राजकुमार, डॉ. संतोष कुमार, डॉ दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ. सुनील कुमार, डॉ आशुतोष सिंह, डॉ रसिकेश, डॉ मनीष गुप्ता, डॉ अमरेंद्र सिंह, डॉ नृपेन्द्र सिंह,डॉ प्रवीण सिंह, डॉ एसपी तिवारी,डॉ अवध बिहारी सिंह, श्याम  त्रिपाठी  आदि लोग उपस्थित रहे।

दूर संचार के कारण हो रही है सामाजिक क्रांति-जी के उपाध्याय


पूर्व दूरसंचार सचिव भारत सरकार का विशेष व्याख्यान आयोजित 
विश्वविद्यालय के प्रो राजेंद्र सिंह भौतिकीय विज्ञान अध्ययन एवं शोध संस्थान  में विशेष व्याख्यान आयोजित हुआ। बतौर वक्ता  पूर्व सचिव दूरसंचार भारत सरकार जी के उपाध्याय  ने  सरकार के दूरसंचार नीति पर प्रकाश डाला।  कहा  कि भारत संचार नेट सरकार की एक अति महत्वाकांक्षी  योजना है जिसका मकसद गांव गांव में इंटरनेट पहुंचाना है। इस प्रोजेक्ट की वजह से बहुत सारे रोजगार पैदा हुए हैं। भारत संचार पालिसी 2018 में सभी लोगों तक 2022 तक   इंटरनेट पहुंचाना है। भारत में अधिकांश  लोगों के पास मोबाइल है और इसमें डाटा है, अति गोपनीय जानकारी अगर कोई जान ले तो उनको आर्थिक और सामाजिक नुकसान पहुंचा सकता है। उन्होंने कहा कि दूर संचार के कारण सामाजिक क्रांति हो रही है और आने वाले समय में और बदलाव देखने को मिलेंगे। भारत में 4 मिलीयन डिजिटल जॉब इन डिजिटल कम्युनिकेशन सेक्टर में पैदा करना है। उन्होंने कहा कि  टेलीकम्युनिकेशन सेक्टर का कंट्रीब्यूशन भारत की जीडीपी में आठ प्रतिशत है ।
इस मौके पर टेकिप समन्वयक  प्रो बी बी तिवारी,  डॉ रवि प्रकाश, जे पी लाल, प्रवीण सिंह,  रीतेश बरनवाल, प्रीति शर्मा ,पी सी यादव , दीपक सिंह, पारुल त्रिवेदी,संतोष त्रिपाठी  आदि शिक्षक  एवं छात्र मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन डॉo शैलेश कुमार प्रजापति ने किया l