Thursday, 21 December 2023

जनसंचार विभाग में नई शिक्षा नीति की प्रभावशीलता पर डॉ सुरेंद्र करेंगे शोध


आईसीएसएसआर,नई दिल्ली से पीडीएफ में हुए हैं चयनित
 विभागाध्यक्ष डॉ मनोज मिश्र के निर्देशन में अपना शोध करेंगे 

 

जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के जनसंचार विभाग में   डॉ. सुरेन्द्र कुमार यादव  का चयन पीडीएफ के लिए हुआ है।सामाजिक विज्ञान अनुसंधान परिषद (आई. सी. एस. एस. आर.),नई दिल्ली द्वारा प्रायोजित पोस्ट डॉक्टोरल फेलोशिप में चयनित डॉ सुरेंद्र कुमार यादव  उच्च शोध हेतु जनसंचार विभागाध्यक्ष डॉ मनोज मिश्र के निर्देशन में अपना शोधकार्य पूर्ण  करेंगे। यह शोध अध्ययन  मीडिया शिक्षण संस्थानों द्वारा नई शिक्षा नीति के क्रियान्वयन एवं प्रभावशीलता पर होगा। 
इस शोध से मीडिया शिक्षण संस्थानों द्वारा अपनायी गयी नई शिक्षा नीति से युवाओं को रोजगारपरक शिक्षा प्रदान करने और उसके दूरगामी प्रभाव को जानने में मदद मिलेगी। डॉ. सुरेन्द्र कुमार यादव ने  एम.फिल. की उपाधि महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय, वर्धा,महाराष्ट्र तथा पीएच.डी.उपाधि लखनऊ विश्वविद्यालय,लखनऊ से प्राप्त की है। डॉ सुरेन्द्र कुमार यादव विश्वविद्यालय के जनसंचार विभाग में पहले पी.डी.एफ. शोधार्थी हैं।

Tuesday, 19 December 2023

ए प्लस पर कुलपति ने विश्वविद्यालय परिवार के प्रति आभार जताया

ए प्लस पाने से हमारी जिम्मेदारी और बढ़ीः कुलसचिव

वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के महंत अवेधनाथ संगोष्ठी भवन में बुधवार को विश्वविद्यालय को नैक मूल्यांकन में ए प्लस मिलने पर कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने विश्वविद्यालय परिवार के शिक्षक, अधिकारी और कर्मचारी के साथ संवाद किया।
इस अवसर पर प्रो. वंदना सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय के शिक्षकों, अधिकारियों और कर्मचारियों में टीम वर्क करने की बहुत अधिक क्षमता है। एक नई यात्रा की अब यहां से शुरू हो रही है। हमें आने वाले समय में अपने एकेडमिक, रिसर्च, इनोवेशन पर बहुत ज्यादा जोर देना है। उन्होंने कहा कि हमें अपनी कमियां पहचानकर ज्यादा जोर देने की जरूरत है। सभी के सहयोग ने विश्वविद्यालय इस ऊंचाइयों पर आया है। हमारी कोशिश होगी कि हम प्रदेश ही नहीं देश के अच्छे विश्वविद्यालय के साथ खड़े हों। कुलसचिव महेंद्र कुमार ने कहा कि हमारा विश्वविद्यालय उन्हें कही से कुछ ऐसा मौका नहीं दिया कि वह हमारे ग्रेड को गिरा सके। कहा कि हमारा सभी पक्षों का इतना मजबूत और बढ़िया प्रस्तुतीकरण था जिसके कारण हम इस मुकाम पर पहुंचे हैं। अब हमारी जिम्मेदारी और बढ़ गई है क्योंकि हमे और आगे जाना है। आईक्यूएसी सेल के समन्वयक प्रो. मानस पांडेय ने नैक की सातों क्रैटिरिया के मूल्यांकन के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि राजभवन के मार्गदर्शन और सहयोग के चलते हमें अपनी गुणवत्ता को सुधारने का मौका मिला। कहा कि विश्वविद्यालय के सभी लोगों के सकारात्मक सहयोग से हम इस मुकाम पर पहुंचे हैं। बार- बार राजभवन की ओर से बुलाकर समीक्षा करने और नैक मंथन में शामिल होने से हमे अच्छा अनुभव मिला। इस कारण हम ए प्लस की ओर बढ़ें। मंचासीन वित्त अधिकारी संजय राय और परीक्षा नियंत्रक वीएन सिंह ने भी अपने अनुभव साझा किए। संचालन डॉ धर्मेंद्र सिंह और धन्यवाद ज्ञापन प्रो. देवराज सिंह ने किया। इस अवसर पर प्रो. बीबी तिवारी, प्रो. वंदना राय,  प्रो. अजय द्विवेदी,  प्रो. अविनाश पाथार्डिकर, प्रो. अशोक कुमार श्रीवास्तव, प्रो. अजय प्रताप सिंह,  प्रो.रजनीश भास्कर, प्रो. सौरभ पाल,  प्रो. प्रदीप कुमार,  डॉ. प्रमोद कुमार यादव,  डॉ राजकुमार,  डॉ. संतोष कुमार, डॉ. संजीव गंगवार, डॉ. रसिकेश, डॉ. मनीष प्रताप सिंह, डॉ. गिरधर मिश्र,  डॉ. सुनील कुमार,  डॉ. दिग्विजय सिंह राठौर,  डॉ. श्याम कन्हैया, आलोक वर्मा, डॉ पुनीत धवन, डॉ. शशिकांत यादव,  सहायक कुलसचिव अजीत सिंह, कर्मचारी संघ अध्यक्ष नंदकिशोर सिंह, महामंत्री  रमेश यादव, डॉ पीके कौशिक, राधेश्याम सिंह मुन्ना, श्यामजी त्रिपाठी, प्रमोद विश्वकर्मा, आदि शिक्षक और कर्मचारी उपस्थित रहे. 

पूर्वी क्षेत्र अन्तर विश्वविद्यालयीय बास्केटबाल पुरूष प्रतियोगिता 2023-24 में वीर बहादुर सिंह पूर्वान्चल विश्वविद्यालय, जौनपुर बनी चैम्पियन

पूर्वी क्षेत्र अन्तर विश्वविद्यालयीय बास्केटबाल पुरूष प्रतियोगिता के अन्तिम दिन का पहला मैच कलकत्ता विश्वविद्यालय, कोलकाता एवं हेमचन्द यादव विश्वविद्यालय, दुर्ग के बीच खेला गया, कलकत्ता विश्वविद्यालय, कोलकाता ने हेमचन्द यादव विश्वविद्यालय, दुर्ग को 69-66 के अन्तर से पराजित किया। दूसरा मैच वीर बहादुर सिंह पूर्वान्चल विश्वविद्यालय, जौनपुर एवं उत्कल विश्वविद्यालय, उड़ीसा के बीच खेला गया, वीर बहादुर सिंह पूर्वान्चल विश्वविद्यालय, जौनपुर ने उत्कल विश्वविद्यालय, उड़ीसा को 62-55 के अन्तर से पराजित किया। तीसरा मैच कलकत्ता विश्वविद्यालय, कोलकाता एवं उत्कल विश्वविद्यालय, उड़ीसा के बीच खेला गया, उत्कल विश्वविद्यालय, उड़ीसा ने कलकत्ता विश्वविद्यालय, कोलकाता को 68-57 के अन्तर से पराजित किया। चौथा मैच वीर बहादुर सिंह पूर्वान्चल विश्वविद्यालय, जौनपुर एवं हेमचन्द यादव विश्वविद्यालय, दुर्ग के बीच खेला गया, वीर बहादुर सिंह पूर्वान्चल विश्वविद्यालय, जौनपुर ने हेमचन्द यादव विश्वविद्यालय, दुर्ग को 45-38 के अन्तर से पराजित किया।इस प्रकार से वीर बहादुर सिंह पूर्वान्चल विश्वविद्यालय, जौनपुर विजेता, उत्कल विश्वविद्यालय, उड़ीसा उपविजेता, कलकत्ता विश्वविद्यालय, कोलकाता तृतीय स्थान एवं हेमचन्द यादव विश्वविद्यालय, दुर्ग चतुर्थ स्थान पर रही।समापन समारोह के मुख्य अतिथि प्रो0 वन्दना सिंह, कुलपति, महेन्द्र कुमार, कुलसचिव, प्रो0 सुरेश कुमार पाठक अध्यक्ष खेलकूद परिषद, व्यास नारायन सिंह, परीक्षा नियंत्रक, अजीत प्रताप सिंह, एवं अमृत लाल सहायक कुलसचिव, प्रो0 प्रदीप कुमार रहे। माननीय कुलपति जी ने पूर्वी क्षेत्र में जीत के लिये सभी खिलाड़ियों को बधाई एवं अखिल भारतीय प्रतियोगिता के लिये शुभकामना दी तथा पुरस्कार वितरण एवं ट्राफी प्रदान किया। 

उक्त अवसर पर  प्रो0 ओम प्रकाश सिंह, सचिव, खेलकूद परिषद, डॉ0 विजय प्रताप तिवारी, पूर्व संयुक्त सचिव, खेलकूद परिषद, कर्नल नीलाक्ष पंत, प्रो0 प्रदीप कुमार, नन्द किशोर सिंह, अध्यक्ष, कर्मचारी संघ, रमेश चन्द्र यादव, महामंत्री, कर्मचारी संघ, रामजी सिंह, पूर्व अध्यक्ष, कर्मचारी संघ, डॉ0 सुशील प्रजापति, वीर भद्र सिंह, लाल बहादुर पाल, सचिव, जिला बास्केटबाल, जितेन्द्र सिंह, रजनीश कुमार सिंह खेल सहायक, डॉ0 राजेश सिंह, अशोक कुमार सिंह, अरूण कुमार सिंह, सतेन्द्र कुमार सिंह, अल्का सिंह, विजय प्रकाश, भानु प्रताप शर्मा, आदि उपस्थित रहे। निर्णायक की भूमिका में सुजीत ओझा, तन्मय दास अन्तर्राष्ट्रीय निर्णायक, राहुल बिष्ट, विरेन्द्र विक्रम सिंह, जनरल सेक्रेटरी, उ0 प्र0 बास्केटबाल संघ रहे। 


 


                                                               

उच्च स्तरीय शोध के लिए अकादमिक-औद्योगिक सहयोग जरूरी: डॉ आशुतोष तिवारी



स्वीडन के वैज्ञानिक डा. आशुतोष ने  रज्जू भइया संस्थान में शोध सुविधाओं को देखा


इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस मटेरियलस्वीडन के निदेशक डा. आशुतोष तिवारी ने बुधवार को कुलपति प्रो वंदना सिंह के  साथ विश्वविद्यालय परिसर स्थित रज्जू भइया संस्थान का अवलोकन कर सुविधाओं को देखा। उन्होंने संस्थान में स्थित स्कैनिंग इलेक्ट्रॉन माइक्रोस्कोप एवं एक्स आर डी मशीनों के बारे में जानकारी ली एवं उनके माध्यम से हो रहे शोध कार्यों के बारे में संस्थान के निदेशक डॉ. प्रमोद कुमार यादव से विस्तार से चर्चा कर आवश्यक सुझाव दिए।

उन्होंने कहा कि संस्थान में शोध हेतु सुविधाओं की कमी नहीं है उनके उपयोग एवं प्रचार प्रसार को बढ़ावा देने जिससे ज्यादा से ज्यादा लाभ विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालयों के विद्यार्थी प्राप्त कर सकें । उन्होंने कहा कि औद्योगिक क्षेत्र में भी शोध को बढ़ावा देने पर विशेष बल देने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में एकेडमिक -इंडस्ट्री में परस्पर सहयोगात्मक भावना से कार्य करने की आवश्यकता है जिसका लाभ जन सामान्य व भारत के उन्नयन में सहायक होगा। उन्होंने जनसंचार विभाग के ऑडियो विजुअल स्टूडियो को  भी देखा.

इस अवसर पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने कहा कि देश विदेश के अग्रणी संस्थानों से परस्पर सहयोग बढ़ाने की दिशा में संस्थान को कार्य करना चाहिए। उन्होंने कहा कि अच्छे इंपैक्ट फैक्टर में शोध पत्र प्रकाशित करने के साथ ही शिक्षकों को पेटेंट पर ही ध्यान देने की आवश्यकता है। इस अवसर पर रज्जू भैया संस्थान के शिक्षकों ने नैक द्वारा विश्वविद्यालय को ए प्लस ग्रेड प्राप्त होने पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. वंदना सिंह को बधाई दी।

इस अवसर पर प्रो. बी. बी. तिवारी,  प्रो. अजय प्रताप सिंह प्रो. वंदना रायप्रो देवराज सिंहप्रो. प्रदीप कुमारप्रो. मिथिलेश सिंहडॉ. प्रमोद कुमारडॉ. गिरिधर मिश्रडॉ. दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ. सुनील कुमार,  डॉ मिथिलेश यादवडॉ नीरज अवस्थीडॉ सुजीत चौरसियाडॉ नितेश जायसवालडॉ. श्याम कन्हैया सिंहडॉ. अजीत सिंहडॉ शशिकांत यादवडॉ श्रवण कुमारडॉ काजल डेआदि उपस्थित रहे ।