Tuesday, 12 August 2025

देशभक्ति के तरानों से गूंजा सभागार

पीयू में ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के अंतर्गत भव्य म्यूजिकल कॉन्सर्ट


वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में ‘हर घर तिरंगा अभियान 2025’ के तहत मंगलवार को आर्यभट्ट सभागार, रज्जू भइया संस्थान में भव्य म्यूजिकल कॉन्सर्ट का आयोजन हुआ।

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि करंजाकला ब्लॉक प्रमुख सुनील यादव ‘मम्मन’ ने दीप प्रज्वलित कर किया। कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन युवाओं में देशभक्ति और गर्व की भावना को सुदृढ़ करते हैं।
वित्त अधिकारी आत्म प्रकाश धर द्विवेदी ने संयोजक मंडल को बधाई देते हुए स्वयं भी कई गीत प्रस्तुत कर तालियाँ बटोरीं। उन्होंने “किसी की मुस्कराहटों पे हो निसार” से हुई, जिसने श्रोताओं के मन में संवेदनशीलता और देश प्रेम जागृत किया। इसके बाद उनका गीत “माना मैं जेब से फकीर हूं, लेकिन मैं दिल से अमीर हूं” भावनात्मक स्पर्श छोड़ गया।
प्रो. अविनाश पाथर्डीकर ने लोकसंगीत रंग में “का करूं सैंया, आए ना बालम” गाकर सभागार में पारंपरिक मिठास घोल दी। सुशील प्रजापति की “होंठों से छू लो तुम” प्रस्तुति ने श्रोताओं को रूहानी आनंद दिया। डॉ. रसिकेश के “ये मेरे प्यारे वतन” और “एक दिन बिक जाएगा माटी के मोल” गीतों ने दर्शकों को भावुक कर दिया। विश्वविद्यालय परिसर के विद्यार्थियों ने भी नृत्य एवं गायन प्रस्तुतियां दी।
नोडल अधिकारी प्रो. राकेश कुमार यादव और सहायक नोडल अधिकारी डॉ. अनुराग मिश्र के कुशल संयोजन में आयोजित इस प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने एक से बढ़कर एक देशभक्ति एवं प्रेरणादायी गीत प्रस्तुत किए। संयोजक डॉ. जाह्नवी श्रीवास्तव सहित विश्वविद्यालय के प्राध्यापक, कर्मचारी और छात्र-छात्राओं की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।
उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रो. अविनाश डी. पाथर्डीकर, सुशील प्रजापति, आशीष यादव, योगिता रिया, स्नेहा मिश्रा, स्तुति और आशीष सहित अन्य विजेताओं को सम्मानित किया गया। सभी प्रतिभागियों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएँ दी गईं। कार्यक्रम का संचालन डॉ दिग्विजय सिंह राठौर एवं छात्र सुमित सिंह ने किया।

Monday, 11 August 2025

हर घर तिरंगा के अंतर्गत निकाली गई बाइक यात्रा

पीयू से गोद लिए कुकड़ीपुर, जासोपुर गांव में गई बाइक यात्रा

वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में "हर घर तिरंगा अभियान 2025" के तहत सोमवार को तिरंगा बाइक यात्रा का भव्य आयोजन किया गया। यह यात्रा विश्वविद्यालय परिसर स्थित सरस्वती सदन, कुलपति कार्यालय से अपराह्न 12:00 बजे कुलसचिव डॉ. विनोद कुमार सिंह ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।तिरंगे से सजी बाइकों पर सवार छात्र-छात्राओं के जोश और उमंग ने परिसर को देशभक्ति के रंग में रंग दिया। यात्रा विश्वविद्यालय परिसर से निकलकर आस-पास के गोद लिए गए जासोपुर, कुकड़ीपुर गांव में पहुंची। जहां ग्रामीणों ने भी इस पहल का स्वागत किया। इस दौरान "भारत माता की जय" और "वंदे मातरम्" के गगनभेदी नारे वातावरण में गूंजते रहे।

कुलसचिव डॉ. विनोद कुमार सिंह ने उद्बोधन में कहा कि यह यात्रा न केवल राष्ट्रध्वज के सम्मान का प्रतीक है, बल्कि युवाओं में देशभक्ति और एकता के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का एक सशक्त माध्यम है। उन्होंने सभी प्रतिभागियों के उत्साह और समर्पण की सराहना की। इस अवसर पर छात्र अधिष्ठाता प्रो. प्रमोद यादव, प्रो. राकेश यादव, प्रो. राजबहादुर यादव, डॉ. अनुराग मिश्र ने भी विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में नोडल डॉ. शशिकांत यादव, डॉ. सुनील कुमार, डॉ दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ वनिता सिंह, डॉ. प्रियंका, डॉ राहुल राय, डॉ अमित मिश्र, डॉ. अवधेश मौर्य, डॉ. राजन तिवारी, डॉ. लक्ष्मी प्रसाद मौर्य, ईश्वर श्रीवास्तव समेत कई शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए। यात्रा का समापन विश्वविद्यालय परिसर में राष्ट्रगान के साथ हुआ।


Friday, 8 August 2025

"हर घर तिरंगा" कार्यक्रम के अंतर्गत पूर्व सैनिकों को छात्राओं ने बाँधी राखी


फार्मेसी संस्थान में मनाया गया रक्षाबंधन पर्व

वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के फार्मेसी संस्थान में “हर घर तिरंगा” अभियान के अंतर्गत एक भावनात्मक और प्रेरणादायी कार्यक्रम फार्मेसी संस्थान में शुक्रवार को किया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय की छात्राओं ने पूर्व सैनिकों को राखी बांधकर उनके बलिदान और देशभक्ति के प्रति आभार व्यक्त किया।

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पूर्व सैनिकों के योगदान को नमन करना और युवा पीढ़ी में राष्ट्रप्रेम की भावना को और प्रबल बनाना था। छात्राओं ने रक्षा बंधन के पावन पर्व पर पूर्व सैनिकों के हाथों में राखी बांधकर यह संदेश दिया कि उनकी सुरक्षा और सम्मान की डोर सदैव मजबूत रहेगी।

इस मौके पर डॉ. वनिता सिंह ने रक्षा बंधन की विशेषता पर प्रकाश डालते हुए कहा, “रक्षा बंधन केवल भाई-बहन के प्रेम का प्रतीक नहीं, बल्कि यह विश्वास, सुरक्षा और एक-दूसरे के प्रति कर्तव्य का पर्व है। जब हम पूर्व सैनिकों को राखी बांधते हैं, तो हम उनके साहस, त्याग और राष्ट्र की रक्षा के संकल्प को प्रणाम करते हैं। यह परंपरा हमें याद दिलाती है कि हम सभी एक बड़े परिवार का हिस्सा हैं और हमारे सैनिक उस परिवार की सुरक्षा के प्रहरी हैं।”

कार्यक्रम में पूर्व सैनिकों ने भी विश्वविद्यालय परिवार का धन्यवाद व्यक्त किया और युवाओं से आह्वान किया कि वे राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखें।

इस अवसर पर प्रो. राकेश यादव, डॉ. पूजा मिश्रा, डॉ जया शुक्ला, डॉ. अनुराग मिश्रा समेत विश्वविद्यालय की छात्राओं ने भाग लिया। 

बलिदानियों की गाथा में है, देशभक्ति का जीवंत संदेश – प्रो. वंदना सिंह


काकोरी शताब्दी समारोह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में सम्पन्न

 
वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में शुक्रवार को भारतीय स्वतंत्रता संग्राम की ऐतिहासिक घटना काकोरी ट्रेन एक्शन के शताब्दी समारोह का समापन हुआ। 
समापन समारोह को संबोधित करते हुए कुलपति प्रोफेसर वंदना सिंह ने कहा कि भारत की आज़ादी अनगिनत ज्ञात और अज्ञात शहीदों के बलिदान का परिणाम है। हम सभी का यह कर्तव्य है कि इस आज़ाद देश की रक्षा करें और इसके विकास में सक्रिय योगदान दें। कहा कि अमर बलिदानियों की गाथा सिर्फ इतिहास नहीं, बल्कि देशभक्ति का जीवंत संदेश है।
उन्होंने पंडित राम प्रसाद बिस्मिल, ठाकुर रोशन सिंह, अशफाक उल्ला खान एवं राजेंद्र लाहिड़ी जैसे काकोरी के वीर क्रांतिकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित की।कुलपति के साथ कुलसचिव विनोद कुमार सिंह, वित्त अधिकारी तथा विश्वविद्यालय के शिक्षक गण ने मातादीन, बल्लू राम, बांके मार्ग पर स्थित शहीद मार्ग पर  श्रद्धा सुमन अर्पित किए।
इस अवसर पर प्रो. मनोज मिश्र, प्रो. राकेश यादव, डॉ. राज बहादुर यादव, डॉ. मनीष प्रताप सिंह, डॉ. जाह्नवी श्रीवास्तव, डॉ. दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ. सुनील कुमार, डॉ. श्याम कन्हैया सिंह, डॉ. शशिकांत यादव, डॉ. चंदन सिंह, डॉ. नितेश जायसवाल, डॉ. अनुराग मिश्रा, डॉ. अंकित सिंह, डॉ. रजित राम सोनकर, डॉ. अवधेश कुमार, तथा सुशील प्रजापति सहित विश्वविद्यालय के अनेक शिक्षक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।