Tuesday, 27 September 2022

साइकिल चलाकर शिक्षकों ने लिया परिसर को हरा-भरा बनाने का संकल्प : ट्रस्ट ने भेंट की ट्राइसिकल और साइकिल

वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय परिसर को हरा भरा बनाने की मुहिम पहले से चल रही है। इसके तहत परिसर में विभिन्न संस्थाओं ने एक ट्राइसिकल और सात साइकिल भेंट की है, ताकि परिसर में घूमने के लिए साइकिल का उपयोग किया जा सके। मंगलवार को इसका शुभारंभ विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. निर्मला एस. मौर्य किया।

इस अवसर पर कुलपति प्रो. मौर्य ने कहा कि परिसर में ज्यादा से ज्यादा साइकिल का उपयोग होगा तो परिसर प्रदूषणमुक्त होगा। इससे विश्वविद्यालय परिवार के लोग का जहां स्वास्थ्य अच्छा होगा वहीं परिसर हरियाली से खिलाखिला उठेगी। उन्होंने शिक्षकों और कर्मचारियों से अपील की है कि वह परिसर को हरा-भरा बनाने का संकल्प लें। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के शिक्षक, अधिकारी और कर्मचारियों ने साइकिल चलाकर इस अभियान की शुरुआत की। यह साइकिल गेट पर गार्ड के पास रहेगी। इसका उपयोग कोई भी अपना परिचय पत्र जमाकर कर सकता है। ट्राइसिकल को सीवीके चैरिटेबल ट्रस्ट तेलियाबाग वाराणसी और साइकिल को क्षमा ट्रस्ट, रोवर्स रेंजर, समता फाउंडेशन, प्रियदर्शनी अशोक चैरिटेबिल ट्रस्ट जौनपुर ने विश्वविद्यालय को भेंट की है। इस अवसर पर कुलसचिव महेंद्र कुमार, वित्त अधिकारी संजय कुमार राय, सहायक कुलसचिव अमृतलाल, अजीत सिंह, श्रीमती बबिता सिंह, डा. अमित वत्स, प्रो. अविनाश पार्थीडेकर, प्रो. अजय द्विवेदी, प्रो. मानस पांडेय, प्रो. रजनीश भास्कर, प्रो. प्रदीप कुमार, डा. मनोज मिश्र, डॉ जाह्नवी श्रीवास्तव, डा. सुनील कुमार, डा. सुशील कुमार, डा. अनुराग मिश्र, डा. प्रमोद कुमार कौशिक, डा. लक्ष्मी प्रसाद मौर्य, रामगोपाल आदि उपस्थित थे।

Monday, 26 September 2022

सबको जोड़ती है भाषा की मिठासः कुलपति

पूर्वांचल विश्वविद्यालय में हुआ विविधता में एकता कार्यक्रम  
जौनपुर । वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के आर्यभट्ट सभागार में सोमवार को विविधता में एकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह आयोजनI सरकार के सेवा पखवारा के तहत किया गया।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफ़ेसर निर्मला एस मौर्य ने कहा कि हमारी भाषा में जो मिठास है वह कहीं नहीं मिलती। उन्होंने कहा कि हमारी संस्कृति ने विविधता का सम्मान किया तभी देश में एकता कायम है। उनका मानना है कि भाषा माला के मोती की तरह होती है और बीच में लाकेट उसकी संस्कृति का काम करती है। अगर सभी मोती एक ही धागे में है तो लाकेट का भी सम्मान है। कहने का अभिप्राय यह है कि विविध भाषाओं की एकता ही संस्कृति को मजबूत बनाती है। कुलसचिव महेंद्र कुमार ने कहा कि भारतीय संस्कृति का व्यवहार हमें विविधता में एकता का संदेश देती है। यह सबको जोड़ना सिखाती है। इसमें सबको आत्मसात करने की क्षमता है। यहीं हमें विश्वगुरू बनने का मार्ग दिखाती है।

वित्त अधिकारी संजय कुमार राय ने कहा कि जो संस्कृति विकसित होती है वह भूगोल के साथ आगे बढ़ती है, जिस देश की संस्कृति सबको आत्मसात करने की हो वहीं देश सम़ृद्ध होने के साथ ताकतवर भी होता है।

इसके पूर्व मुक्तांगन परिसर में व्यंजन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें 28 प्रांतों के व्यंजन तैयार किये गए थे। इसके बाद देश के दो दर्जन से अधिक प्रांतों के विभिन्न राज्यों की संस्कृति का मनमोहक नृत्य विद्यार्थियों ने प्रस्तुत किया। नाट्य मंचन के द्वारा भी प्रतिभागियों ने विविधता में एकता का संदेश दिया। कार्यक्रम में बाल कलाकारों की प्रस्तुति ने लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। इस अवसर पर पुस्तकालय प्रभारी विद्युत मल्ल ने बंगला में स्वागत किया। प्रो. राजेश शर्मा समेत कई लोगों ने विभिन्न भाषाओं में अपनी प्रस्तुति कर लोगों को ताली बजाने पर मजबूर कर दिया।   
कार्यक्रम का संचालन सहसमन्वयक डॉ.जाह्नवी श्रीवास्तव, अतिथियों का स्वागत डॉ मनीष कुमार गुप्ता ने और धन्यवाद ज्ञापन मीडिया प्रभारी डॉ सुनील कुमार ने किया।
इस अवसर पर परीक्षा नियंत्रक वीएन सिंह, सहायक कुलसचिवगण अमृत लाल, अजीत सिंह, श्रीमती बबिता सिंह, प्रो. बीबी तिवारी, प्रो. वंदना राय, प्रो. अजय द्विवेदी प्रो. राजेश शर्मा, प्रो.देवराज सिंह, प्रो. संदीप सिंह, डॉ राजकुमार, डॉ मनोज मिश्र,  डॉ. संतोष कुमार,  डॉ. प्रमोद यादव, डॉ रसिकेश, डा. अवध बिहारी सिंह, डा. चंदन सिंह, डॉ नितेश जायसवाल, डॉ. श्याम कन्हैया सिंह  डॉ सुजीत चौरसिया, सुश्री अन्नू त्यागी, डॉक्टर धीरेंद्र चौधरी, डॉ डा. विनय वर्मा, डा. लक्ष्मी प्रसाद मौर्य, रामगोपाल, डॉ. इन्द्रेश गंगवार, विद्युत मल्ल आदि उपस्थित थे।

Saturday, 24 September 2022

अत्याधुनिक टेक्निकल सेल का उद्घाटन किया कुलपति ने

सारी सुविधाएं ऑनलाइन कर दी गई: अमरेंद्र सिंह

जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के संकाय भवन स्थित टेक्निकल सेल के अत्याधुनिक कार्यालय का उद्घाटन शनिवार को कुलपति प्रोफेसर निर्मला एस. मौर्य ने किया।
इस अवसर पर कुलपति प्रो. निर्मला एस. मौर्य ने कहा कि  टेक्निकल सेल में अब विद्यार्थियों  की समस्याओं का त्वरित निस्तारण किया जाएगा। इससे किसी भी विद्यार्थी को अपनी समस्या के लिए बार-बार कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।  टेक्निकल सेल के प्रभारी डॉ अमरेंद्र सिंह ने कहा कि सारी सुविधाएं ऑनलाइन कर दी गई है। मार्कशीट, सर्टिफिकेट, पुनर्मूल्यांकन, स्क्रुटनी की प्रक्रिया को भी ऑनलाइन कर दिया गया है , ताकि कार्य में पारदर्शिता हो और विद्यार्थियों की समस्याओं का तत्काल समाधान हो सके।
इस अवसर पर वित्त अधिकारी संजय कुमार राय, परीक्षा नियंत्रक वीएन सिंह, सहायक कुलसचिव दीपक सिंह, अजीत सिंह, प्रो. वंदना राय, प्रो. अविनाश पाथर्डीकर,प्रो.अशोक श्रीवास्तव, प्रो. अजय द्विवेदी, प्रो. देवराज सिंह, प्रो. प्रदीप कुमार,‌ प्रो. संदीप सिंह,  प्रो.रजनीश भास्कर, प्रो. नुपुर तिवारी, डॉ.संतोष कुमार, डॉ. मनीष प्रताप सिंह, डॉ.राजकुमार, डॉ.मनीष गुप्ता, डॉ मनोज मिश्र, डॉ.प्रमोद कुमार, डॉ.रसिकेश, सुनील कुमार, डॉ दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ.धीरेंद्र चौधरी, डॉ.अमित वत्स, डॉ.पुनीत धवन, डॉ. मंगला यादव, प्रवीण कुमार सिंह, अभिषेक सिंह, धर्मेंद्र सिंह, डॉ पीके कौशिक,सतीश सिंह, अंकुर, श्रीमती मीना, लाल बहादुर आदि उपस्थित थे।

विदेशों में हिंदी की बढती लोकप्रियता :विश्व भाषा के रूप में हिंदी के बढ़ते कदम -एक दिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय संगोष्ठी - दिनांक 23 सितम्बर 2022

एक दिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय संगोष्ठी 
दिनांक 23 सितम्बर 2022

विदेशों में हिंदी की बढती लोकप्रियता :विश्व भाषा के रूप में हिंदी के बढ़ते कदम